नैनीताल, उत्तरकाशी और रुद्रप्रयाग में जिला न्यायालयों को बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

देहरादून : राज्य के तीन जिलों—नैनीताल, उत्तरकाशी और रुद्रप्रयाग—के जिला एवं सत्र न्यायालयों को ई-मेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिली है। धमकी भरे मेल में कोर्ट परिसर में आरडीएक्स लगाए जाने की बात कही गई, जिसके बाद पुलिस-प्रशासन में हड़कंप मच गया। सभी न्यायालय परिसरों को खाली कराकर सघन तलाशी अभियान चलाया गया।
उत्तरकाशी स्थित जिला न्यायालय की आधिकारिक ई-मेल आईडी पर सोमवार सुबह एक धमकी भरा मेल प्राप्त हुआ। मेल में दावा किया गया कि कोर्ट परिसर में करीब 12 किलो आरडीएक्स बम लगाया गया है। सूचना मिलते ही न्यायालय परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कर्मचारियों, अधिवक्ताओं और वादकारियों को तुरंत बाहर निकाला गया। मौके पर पहुंचीं एसपी कमलेश उपाध्याय ने भारी पुलिस बल के साथ पूरे परिसर को खाली कराया। साथ ही कोर्ट रोड पर यातायात भी अस्थायी रूप से रोक दिया गया। बम निरोधक दस्ता, एसटीएफ और खुफिया एजेंसियों ने कई घंटों तक तलाशी अभियान चलाया। देर शाम तक किसी संदिग्ध वस्तु के मिलने की पुष्टि नहीं हुई।
नैनीताल के जिला एवं सत्र न्यायालय को भी इसी प्रकार का धमकी भरा ई-मेल प्राप्त हुआ। जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष भगवत प्रसाद ने बताया, हमें जानकारी मिली है कि ऑल इंडिया जज एसोसिएशन के ईमेल पर एक मेल आया है, जिसमें लिखा है कि यहां के कोर्ट को उड़ा दिया जाएगा। उसमें आरडीएक्स बम लगाए जाने की बात कही गई है। फिलहाल सभी को बाहर निकाल दिया गया है। ईमेल कहां से आया है, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस ने एहतियातन पूरे परिसर की जांच करवाई। बम डिस्पोजल स्क्वॉड और डॉग स्क्वॉड की मदद से चप्पे-चप्पे की तलाशी ली गई।
रुद्रप्रयाग जिला न्यायालय को भी ई-मेल के माध्यम से बम से उड़ाने की धमकी मिलने की सूचना है। इसके बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया। बम निरोधक दस्ता मौके पर पहुंचा और न्यायालय परिसर की जांच की गई। सुरक्षा कारणों से आम लोगों की आवाजाही पर अस्थायी रोक लगाई गई।
पुलिस के अनुसार, धमकी भरे ई-मेल की गंभीरता को देखते हुए नगर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। साइबर सेल की मदद से यह पता लगाया जा रहा है कि ई-मेल कहां से भेजा गया। एसपी कमलेश उपाध्याय ने बताया कि, जिला न्यायालय की ई-मेल आईडी पर बम की धमकी मिलने के बाद एसटीएफ और खुफिया एजेंसियां जांच में जुटी हैं। मेल के स्रोत का पता लगाकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
तीनों जिलों में व्यापक तलाशी अभियान चलाया गया, लेकिन खबर लिखे जाने तक किसी भी न्यायालय परिसर से कोई विस्फोटक या संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई है। फिलहाल सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और न्यायालय परिसरों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।




