
देहरादून, 23 मई 2026
उत्तराखंड शासन ने शुक्रवार देर रात बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए कई IAS और PCS अधिकारियों के तबादले कर दिए। शासन द्वारा जारी आदेश में विभिन्न विभागों और जिलों में तैनात अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। इस फेरबदल को प्रशासनिक व्यवस्था में तेजी और कार्यक्षमता बढ़ाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
जारी आदेश के अनुसार बीवीआरसी पुरुषोतम को सचिव उच्च शिक्षा विभाग का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। वहीं डॉ. रंजीत कुमार सिन्हा से सचिव उच्च शिक्षा विभाग का दायित्व वापस लेते हुए उन्हें सचिव तकनीकी शिक्षा के पद पर बरकरार रखा गया है।
विनय शंकर पांडेय से आयुक्त गढ़वाल मंडल का अतिरिक्त प्रभार हटा दिया गया है। सविन बंसल को जिलाधिकारी देहरादून और स्मार्ट सिटी CEO पद से हटाकर सचिव नियोजन बनाया गया है। IAS सोनिका से आयुक्त कर एवं महानिरीक्षक निबंधन का अतिरिक्त प्रभार वापस लिया गया है।
आनंद स्वरूप को आयुक्त गढ़वाल मंडल, पौड़ी की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं आशीष चौहान को नया जिलाधिकारी देहरादून एवं स्मार्ट सिटी CEO नियुक्त किया गया है।मनुज गोयल से मिशन निदेशक NHM का प्रभार वापस लिया गया है। IAS संजय कुमार को निदेशक समाज कल्याण, हल्द्वानी बनाया गया है। अभिषेक रुहेला को मुख्य कार्यकारी अधिकारी PMGSY की जिम्मेदारी सौंपी गई है।सौरभ गहरवार को अपर सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विभाग बनाया गया है। आलोक कुमार पांडे से PMGSY का प्रभार हटाकर उन्हें नगर आयुक्त नगर निगम देहरादून नियुक्त किया गया है।
सुश्री नमामि बंसल को नगर आयुक्त नगर निगम देहरादून पद से हटाकर अपर सचिव विद्यालय शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। संदीप तिवारी को मिशन निदेशक NHM और प्रबंध निदेशक GMVN नियुक्त किया गया है।सुश्री दीप्ति सिंह को महानिदेशक विद्यालय शिक्षा एवं निदेशक कर्मचारी बीमा योजना के पद से हटाकर निदेशक अल्पसंख्यक कल्याण, प्रबंध निदेशक अल्पसंख्यक कल्याण निगम तथा निदेशक खेल एवं युवा कल्याण की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
प्रतीक जैन से MD-GMVN का प्रभार वापस लिया गया है।अपूर्वा पाण्डेय को जिलाधिकारी बागेश्वर बनाया गया है,जबकि आकांक्षा कोंडे से जिलाधिकारी बागेश्वर का दायित्व हटाकर उन्हें महानिदेशक विद्यालय शिक्षा एवं निदेशक कर्मचारी बीमा योजना का जिम्मा सौंपा गया है।इसके अलावा प्रवीण कुमार को अपर नगर आयुक्त नगर निगम देहरादून पद से हटा दिया गया है।शासन स्तर पर हुए इस बड़े फेरबदल को आगामी प्रशासनिक रणनीति और कार्यों में तेजी लाने से जोड़कर देखा जा रहा है।




